सोमवार, 26 सितंबर 2016

विश्व शांति आध्यात्मिक गलियारों से ही संभव—अवधेशानंदगिरी जी

हिन्दू आध्यात्म एवं सेवा मेला शुरू 
जयपुर 23 सितम्बर।
द्वितीय हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा मेला का शुभारंभ शुक्रवार को जयपुर के एस.एम.एस इन्वेस्टमेन्ट ग्राउण्ड हुआ। हिन्दू आध्यात्मिक एवं सेवा फाउण्डेशन, जयपुर द्वारा आयोजित इस हिन्दू मेले के उद्घाटन समारोह में महामण्डलेश्वर पू. अवधेशानन्दगिरी जी का आशीवर्चन मिला। समाज—बंधुओं को संबोधित करते हुए अवधेशानन्दगिरी जी ने कहा कि हमारी निजता का बोध कराये उसी को आध्यात्म कहते है, हमारा आध्यात्म प्रेम, सेवा, संवेदना है जो हमारी विराटता का बोध कराती है। उन्होनें कहा कि पश्चिम का दृष्टिकोण है कि पूरा विश्व बाजार है, जबकि भारतीय दृष्टिकोण परिवार का है। उन्होंने यह भी कहा कि विश्व शांति का मार्ग राजनीति या हथियारों के गलियारों से होकर नहीं बल्कि आध्यात्मिक गलियारों से गुजरता है।

मंगलवार, 20 सितंबर 2016

अग्र समाज के जन्मदाता, सेवा व समरसता के पुरोधा - महाराज अग्रसेन

लेखक - विनोद बंसल
Vinod Bansal
लेखक : विनोद बंसल
वैश्य अग्रवाल परम्परा के पितृ पुरुष महाराज अग्रसेन कलयुग के प्रथम नरेश थे। महाराजा परिक्षित का राज्याभिषेक उनके पश्चात ही हुआ। ईशा से 3102 वर्ष पूर्व यानि आज से लगभग 5118 वर्ष पूर्व कुरुक्षेत्र में जब महा भारत का समर आरम्भ हुआ उस समय बालक अग्रसेन किशोरावस्था में थे। यानि उनका जन्म आज से 5133-34 वर्ष पूर्व आश्विन शुक्ल प्रतिपदा (प्रथम शारदीय नवरात्र के दिन) हुआ।

शुक्रवार, 2 सितंबर 2016

विद्यार्थी परिषद ने परचम लहराया

—राजस्थान विवि छात्रसंघ चुनाव
—विद्यार्थी परिषद की शानदार जीत
—एनएसयूआई नहीं खोल पाई खाता जयपुर, 31 अगस्त।
राजस्थान विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का प्रदर्शन शानदार रहा। एनएसयूआई को कराई हार झेलनी पडी। वह एक भी सीट नहीं निकाल पाई जबकि विद्यार्थी परिषद ने तीन सीटों पर विजय प्राप्त की।