गुरुवार, 2 जुलाई 2015

विश्व हिन्दू परिषद केन्द्रीय प्रबंध समिति की बैठक

विश्व हिन्दू परिषद केन्द्रीय प्रबंध समिति की बैठक  दिनांक 27, 28 जून, 2015 को भीलवाड़ा राजस्थान में सम्पन्न हुई। भारत में स्वेत क्रांति और जमीन, जंगल, जल, कृषि, ग्राम और किसान इन सबको एक साथ विकास के लिए गोवंश की आवश्यकता सभी पदाधिकारियों ने अनुभव की। इस संबंध में एक प्रस्ताव पारित किया गया। विहिप के महामंत्री चंपतराय जी ने बैठक में प्रतिवेदन प्रस्तुत किया. उन्होंने जनवरी से जून 2015 तक के कार्य का प्रतिवेदन रखा

पुणे महानगर में सम्मेलन का प्रचार-प्रसार करने के लिए एक छह दिवसीय शिवदुर्गा गंगा यात्रा निकाली गई. शिवाजी महाराज के 7 किलों से जलकुम्भ भरकर लाए गए. शिवाजी महाराज की प्रतिमा एक सिंहासन पर आरूढ थी. यह गंगा यात्रा 22 महाविद्यालय और 35 क्षेत्रों में गई. मंगलूर (कर्नाटक) के हिन्दू सम्मेलन में लगभग एक लाख हिन्दू समाज एकत्र आया. जबलपुर के सम्मेलन में समाज की सहभागिता बढ़ाने के लिए मां नर्मदा की महाआरती का आयोजन किया गया. 108 जातियों की भागीदारी , 108 ब्राह्मणों की व्यवस्था , आरती हेतू पूर्व प्रशिक्षण , नर्मदा के घाट का माली समाज द्वारा निःशुल्क सजावट , सभी जातियों के प्रतिनिधियों को एक एक नर्मदा जलकलश दिया गया. ऐसा वातावरण बना कि घर-घर नर्मदा आई है , हिन्दू जागरण लाई है. हिन्दू सम्मेलन में 108 जातियों के प्रमुख मंच पर विराजमान थे. जिलाशः हिन्दू सम्मेलन - 586 जिलाशः हिन्दू सम्मेलनों में 65,049 गांवों से लोग आए , 4,72,041 महिला , 18,15,627 पुरुष तथा 7,884 संत सहित कुल 22,95,552 लोग उपस्थित रहे.

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